कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के विकासखंड करतला अंतर्गत ग्राम पंचायत उमरेली से एक बेहद प्रेरणादायक खबर सामने आई है। यहां के निवासी महेंद्र कुमार देवांगन का चयन भारतीय रेलवे में लोको पायलट (ट्रेन चालक) के पद पर हुआ है।
इस उपलब्धि से पूरे गांव में खुशी और गर्व का माहौल है।
सफलता की कहानी
महेंद्र कुमार देवांगन, पिता यवन कुमार देवांगन के पुत्र हैं। सीमित संसाधनों और कठिन परिस्थितियों के बावजूद उन्होंने कड़ी मेहनत और लगन से यह मुकाम हासिल किया। उनकी यह सफलता न सिर्फ उनके परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए गर्व की बात बन गई है।
गांव में जश्न
जैसे ही चयन की खबर गांव में पहुंची, उमरेली में खुशी की लहर दौड़ गई। ग्रामीण, रिश्तेदार और परिचित बड़ी संख्या में उनके घर पहुंचे और बधाई दी। घर में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला—मिठाइयां बांटी गईं और लोगों ने इस उपलब्धि पर गर्व जताया।
परिवार और गुरुजनों का योगदान
महेंद्र ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, गुरुजनों और परिवार को दिया। उन्होंने बताया कि उनके माता-पिता ने हर परिस्थिति में उनका हौसला बढ़ाया और शिक्षा के लिए प्रेरित किया। वहीं, शिक्षकों के मार्गदर्शन ने उन्हें सही दिशा में आगे बढ़ने में मदद की।
युवाओं के लिए प्रेरणा
गांव के लोगों का कहना है कि महेंद्र की यह उपलब्धि क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनेगी। अब यहां के छात्र-छात्राएं भी रेलवे और अन्य सरकारी सेवाओं में जाने के लिए अधिक उत्साहित हो रहे हैं।
सम्मान और बधाई
इस अवसर पर परिवार के कई सदस्य मौजूद रहे, जिनमें माता लक्ष्मीन बाई देवांगन, चाचा संतोष कुमार देवांगन, चाची लता देवांगन, भैया संजय कुमार देवांगन, भाभी उमा भारती देवांगन, भाई अनिल कुमार देवांगन और चचेरे भाई रोशन कुमार देवांगन शामिल रहे।साथ ही कई गणमान्य लोगों ने भी पहुंचकर शुभकामनाएं दीं, जिनमें जगदीश यादव (पूर्व जिला पंचायत सदस्य),शत्रुघ्न देवांगन (पूर्व प्राचार्य), तरुण मांझी (ग्रामवासी)प्रमोद कुमार श्रीवास (सांसद प्रतिनिधि), रामदास सिदार (मंडल अध्यक्ष) रामकुमार यादव (मंडल अध्यक्ष)महेंद्र कुमार देवांगन की यह सफलता यह संदेश देती है कि अगर संकल्प मजबूत हो, मेहनत ईमानदार हो और परिवार का साथ मिले, तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है। यह उपलब्धि न सिर्फ उनके परिवार बल्कि पूरे उमरेली गांव और छत्तीसगढ़ के लिए गर्व का विषय है।
